देश में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को लेकर आयोजित अंतरराष्ट्रीय स्तर के India AI Impact Summit 2026 में इस बार एक बड़ी तकनीकी उपलब्धि के साथ-साथ विवाद भी देखने को मिला। इस कार्यक्रम में Galgotias University द्वारा प्रदर्शित एक रोबोटिक डॉग को लेकर सवाल उठे, जिसने सोशल मीडिया से लेकर सरकारी स्तर तक बहस छेड़ दी।
AI Summit 2026 क्या है ?
नई दिल्ली के भारत मंडपम में 16–21 फरवरी 2026 तक आयोजित यह ग्लोबल AI सम्मेलन भारत के लिए अहम माना जा रहा है।
- इसमें 100+ देशों के प्रतिनिधि, टेक कंपनियां और स्टार्टअप शामिल हुए
- AI हेल्थ, एजुकेशन, एग्रीकल्चर और इंडस्ट्री पर 300 से ज्यादा प्रदर्शनी लगी
- सम्मेलन का उद्घाटन प्रधानमंत्री ने किया और कई अंतरराष्ट्रीय नेताओं ने हिस्सा लिया
- AI निवेश और नई टेक्नोलॉजी लॉन्च को लेकर बड़े ऐलान भी हुए
रोबोट डॉग को लेकर कैसे शुरू हुआ विवाद
AI एक्सपो में गलगोटियाज यूनिवर्सिटी के स्टॉल पर एक चार पैरों वाला रोबोटिक डॉग दिखाया गया।
- सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में इसे यूनिवर्सिटी का इनोवेशन बताया गया
- बाद में यूजर्स ने पहचान की कि यह चीनी कंपनी का कमर्शियल प्रोडक्ट है
- इससे “झूठे दावे” और टेक्नोलॉजी की पारदर्शिता पर सवाल उठे
रिपोर्ट्स के मुताबिक यह रोबोट Unitree Go2 मॉडल था, जिसे रिसर्च और सर्विलांस जैसे कार्यों में इस्तेमाल किया जाता है और इसकी कीमत लाखों रुपये तक होती है
सरकार और आयोजकों की कार्रवाई
विवाद बढ़ने के बाद
- यूनिवर्सिटी को एक्सपो स्टॉल खाली करने को कहा गया
- सरकार ने साफ किया कि प्रदर्शनी में केवल मौलिक इनोवेशन ही दिखाए जाएं
- घटना को AI क्षेत्र में भारत की छवि के लिए असहज बताया गया
यूनिवर्सिटी और प्रोफेसर का स्पष्टीकरण
- यूनिवर्सिटी ने कहा कि रोबोट छात्रों के सीखने के लिए खरीदा गया था
- एक प्रतिनिधि द्वारा “गलत जानकारी” देने से भ्रम पैदा हुआ
- बाद में संस्थान ने खेद जताते हुए माफी भी जारी की
एक अन्य रिपोर्ट में बताया गया कि संबंधित प्रोफेसर को निलंबित नहीं किया गया, बल्कि जांच के दौरान ड्यूटी जारी रखने को कहा गया
क्यों अहम है यह मामला
यह विवाद कई बड़े सवाल छोड़ गया:
AI इनोवेशन में पारदर्शिता और मौलिकता की जरूरत
टेक्नोलॉजी शोकेस में फैक्ट-चेकिंग की अहमियत
भारत के AI इकोसिस्टम की विश्वसनीयता पर चर्चा
हालांकि, विवाद के बावजूद सम्मेलन में AI निवेश और नए मॉडल लॉन्च जैसे सकारात्मक परिणाम भी सामने आए, जिससे भारत की AI संभावनाओं पर उम्मीद बनी हुई है।
निष्कर्ष :
AI Summit 2026 भारत के लिए तकनीकी दृष्टि से ऐतिहासिक आयोजन रहा, लेकिन गलगोटियाज यूनिवर्सिटी के रोबोट डॉग विवाद ने यह भी दिखा दिया कि तेजी से बढ़ती AI दुनिया में विश्वसनीयता और पारदर्शिता सबसे बड़ी पूंजी है।











